सवाल-

मेरी गर्लफ्रैंड हर समय अपने औफिस के काम में बिजी रहती है. औफिस में तो बात करती नहीं और मैं भी उस पर जोर नहीं डालता लेकिन घर आ कर तो उसे मुझ से बात करनी चाहिए, इस रिलेशनशिप पर थोड़ा ध्यान देना चाहिए. शुरू-शुरू में तो मैं उसे कुछ कह भी देता था लेकिन अब कहने का मन ही नहीं होता.

हमारे बीच दूरियां बहुत ज्यादा बढ़ चुकी हैं. मुझे उस से प्यार है लेकिन ऐसे प्यार का क्या फायदा जिस में केवल मैं ही एफर्ट करता रहूं और वह नहीं. क्या करूं?

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जवाब-

पहले तो यह जान लें कि प्यार में इस तरह शर्तें नहीं लगाई जातीं, मैं यह कर रहा हूं वह नहीं कर रही जैसी बातें नहीं की जातीं. हो सकता है वह अपने करियर को ले कर किसी तरह की उलझन में हो या किसी तरह की परेशानी में हो जो आप को न बता रही हो. कहने का मतलब यह है कि आप उस से इतना प्यार करते हैं तो उस से साफ-साफ कह दीजिए कि आप को क्या बुरा लग रहा है. उस से पूछिए कि वह समय क्यों नहीं दे रही या आप को इस तरह नजरअंदाज क्यों कर रही है. हो तो यह भी सकता है कि वह थोड़ा स्पेस चाहती हो.

आप उस से मिलिए और इस बारे में बात कीजिए. वह क्या सोच रही है, क्या चाहती है जानिए और फिर आप को ही रिलेशनशिप में रहना है या नहीं, सोचिए. अगर उस की कन्वीनिएंस के लिए आप को थोड़े ज्यादा एफर्ट्स करने भी पड़ रहे हैं तो कर लीजिए न. आखिर प्यार में ज्यादा एफर्ट्स करने वाली हमेशा लड़की ही क्यों रहे.

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